Home राज्य योगी कैबिनेट के बड़े फैसले: पंचायत चुनाव, मेट्रो विस्तार और मेडिकल कॉलेज...

योगी कैबिनेट के बड़े फैसले: पंचायत चुनाव, मेट्रो विस्तार और मेडिकल कॉलेज को हरी झंडी

7
0

लखनऊ

उत्तर प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों का इंतजार कर रहे करोड़ों ग्रामीणों और राजनीतिक दलों के लिए सोमवार का दिन बड़ी खुशखबरी लेकर आया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में उनके सरकारी आवास पर हुई कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक में कुल 12 प्रस्तावों पर मुहर लगा दी गई है। इस बैठक का सबसे बड़ा फैसला पंचायत चुनावों में अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के आरक्षण को लेकर रहा। इसने चुनाव के रास्ते की सबसे बड़ी कानूनी अड़चन को दूर कर दिया है।

'समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग' के गठन को हरी झंडी
उत्तर प्रदेश में ग्राम पंचायतों, ब्लॉक और जिला पंचायतों के निर्वाचन को लेकर पिछले काफी समय से बनी उहापोह की स्थिति आखिरकार समाप्त हो गई है। योगी कैबिनेट ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में ओबीसी (OBC) आरक्षण का सटीक स्वरूप और आनुपातिक आबादी तय करने के लिए 'समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग' (Dedicated OBC Commission) के गठन को मंजूरी दे दी है। अब इस आयोग की विस्तृत सर्वे रिपोर्ट के आधार पर ही सीटों के आरक्षण का रोटेशन तय किया जाएगा, जिससे सुप्रीम कोर्ट के 'ट्रिपल टेस्ट' फॉर्मूले की वैधानिक बाध्यता पूरी हो जाएगी। योगी कैबिनेट के फैसले के अनुसार पांच सदस्यीय आयोग का अध्यक्ष हाईकोर्ट के रिटायर्ड न्यायाधीश होंगे। अन्य सदस्य पिछड़ा वर्ग की जानकारी रखने वाले लोग ही होंगे। इनका कार्यकाल छह महीने होगा।

लोकतंत्र सेनानियों को मिला 'कैशलेस इलाज' का ऐतिहासिक तोहफा
आपातकाल (इमरजेंसी) के खिलाफ लोकतंत्र की रक्षा के लिए आंदोलन करने वाले उत्तर प्रदेश के लोकतंत्र सेनानियों को सरकार ने बड़ा सम्मान दिया है। कैबिनेट ने इन्हें 'मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना' के दायरे में लाते हुए शत-प्रतिशत कैशलेस चिकित्सा सुविधा देने के प्रस्ताव को पास कर दिया है। अब इन्हें और इनके आश्रितों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए भटकना नहीं पड़ेगा।

लखनऊ-आगरा मेट्रो के विस्तार और इंफ्रास्ट्रक्चर पर मुहर
राजधानी लखनऊ और ताजनगरी आगरा के मेट्रो नेटवर्क को रफ्तार देने के लिए दो बड़े फैसलों को मंजूरी मिली है। लखनऊ में चारबाग से वसंतकुंज तक बनने वाले मेट्रो के पूर्व-पश्चिम कॉरिडोर (East-West Corridor) के लिए समझौता ज्ञापन (MoU) के मसौदे को कैबिनेट ने स्वीकृत कर लिया है।

आगरा में कॉरिडोर-2 (आगरा कैंट से कालिंदी विहार) के तहत मेट्रो स्टेशनों और वायडक्ट सेक्शन के निर्माण के लिए भूमि हस्तांतरण (Land Transfer) के प्रस्ताव को हरी झंडी दी गई है।

स्वास्थ्य और ग्रामीण विकास के अन्य अहम फैसले
तीन नए मेडिकल कॉलेज: प्रदेश के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करते हुए हाथरस, बागपत और कासगंज जिलों में पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मोड पर नए मेडिकल कॉलेज बनाए जाने के प्रस्ताव को कैबिनेट की सहमति मिल गई है।

समुदाय परियोजना का विस्तार: ग्राम्य विकास विभाग और एचसीएल (HCL) फाउंडेशन के सहयोग से ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका और बुनियादी ढांचे के विकास के लिए चल रही 'समुदाय परियोजना' को अगले 5 साल के लिए और बढ़ा दिया गया है।

कौशल विकास: वस्त्रोद्योग (टेक्सटाइल सेक्टर) में रोजगार और युवाओं के हुनर को बढ़ावा देने के लिए नई कौशल विकास परियोजनाओं को भी मंजूरी दी गई है।

नियम प्रणालियों और वित्तीय ढांचों में बड़े सुधार
कैबिनेट ने प्रशासनिक और वित्तीय पारदर्शिता के लिए कई संशोधनों को भी पास किया है।यूपीपीएससी परिसीमन के तहत उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) के कृत्यों के परिसीमन में बदलाव करने के लिए संशोधन प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।

परिवहन विभाग को राहत: यूपी राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की बसों पर लगने वाले अतिरिक्त टैक्स को रेशनलाइज (तर्कसंगत) करने पर मुहर लगी, जिससे रोडवेज की माली हालत सुधरेगी।

जन्म-मृत्यु पंजीकरण: पारदर्शिता बढ़ाने के लिए जन्म और मृत्यु पंजीकरण से जुड़ी नई नियमावली को स्वीकृत किया गया है।

वित्तीय प्रस्ताव: ऊर्जा विभाग द्वारा केनरा बैंक से निकाली गई 1500 करोड़ रुपये की राशि के कार्येत्तर इस्तेमाल के प्रस्ताव को कार्योत्तर मंजूरी दी गई। इसके अलावा भारतीय स्टांप अधिनियम और वर्ष 2007 में जारी राज्य प्रतिभूतियों के जनरल नोटिफिकेशन में संशोधन के प्रस्तावों को भी पास किया गया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here